Lyrics of Aniruddha Teri Duniya Me from album Tum Bin Kaun Sahara

5. अनिरूध्द तेरी दुनिया में
अनिरूध्द तेरी दुनिया में, मुझको भी पनाह देना
शिकवा है तुझसे मुझको, बना ले मुझे दिवाना ॥धृ॥
मुझको भी पनाह देना
अनिरूध्द तेरी दुनिया में, मुझको भी पनाह देना
अश्क ही मैं पीता रहता, इल्जामही सहता रहता
ना कोई पल मैं हसता
जब से तेरे शरण में आया, मेरा जुड गया सुख से रिश्ता ॥१॥
मुझको भी पनाह देना
अनिरूध्द तेरी दुनिया में, मुझको भी पनाह देना
ङ्गीकी पड गयी सूरजज्योति, धुंधला गयी चाँद चाँदनी
मुरझी थी कली जीवन की
जबसे नाम तुम्हारा पाया, गम चल बसा रोता रोता॥२॥
मुझको भी पनाह देना
अनिरूध्द तेरी दुनिया में, मुझको भी पनाह देना
मन मंदिर में मूरत तेरी, हर पल करू मैं पूजा
आँख से बहता झरना
जबसे तुमने अपना कहा है, खुद पे ही मैं इतराता ॥३॥
मुझको भी पनाह देना
अनिरूध्द तेरी दुनिया में, मुझको भी पनाह देना
शिकवा है तुझसे मुझको, बना ले मुझे दिवाना ॥
मुझको भी पनाह देना
अनिरूध्द तेरी दुनिया में, मुझको भी पनाह देना